गुरुग्राम: कांवड़ यात्रा के अंतिम चरण को देखते हुए गुरुग्राम में ट्रैफिक व्यवस्था में बदलाव किया गया है। शहर में अगले तीन दिनों तक भारी वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित रखा जाएगा। गुरुग्राम ट्रैफिक पुलिस ने दिल्ली के रास्ते राजस्थान और आसपास के जिलों की ओर जाने वाले ट्रक समेत अन्य भारी वाहनों को वैकल्पिक एक्सप्रेसवे का इस्तेमाल करने की सलाह दी है।
यह नई व्यवस्था 9 अगस्त से 11 अगस्त तक लागू रहेगी। पुलिस का उद्देश्य कांवड़ियों की बढ़ती संख्या के बीच शहर की सड़कों पर जाम और यातायात संबंधी परेशानियों को कम करना है।
भारी वाहनों के लिए एक्सप्रेसवे का इस्तेमाल जरूरी
गुरुग्राम ट्रैफिक पुलिस ने भारी वाहन चालकों से शहर के अंदरूनी मार्गों से गुजरने के बजाय द्वारका एक्सप्रेसवे और कुंडली-मानेसर-पलवल (KMP) एक्सप्रेसवे का इस्तेमाल करने की अपील की है।
खास तौर पर दिल्ली-गुरुग्राम के रास्ते राजस्थान, झज्जर, रेवाड़ी, पटौदी, नूंह और फरीदाबाद की तरफ जाने वाले भारी वाहनों को निर्धारित वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है।
11 अगस्त को बढ़ेगा ट्रैफिक दबाव
कांवड़ यात्रा अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। बड़ी संख्या में शिवभक्त गंगाजल लेकर अपने गंतव्य की ओर लौट रहे हैं। 11 अगस्त को महाशिवरात्रि के अवसर पर जलाभिषेक के चलते कांवड़ियों की आवाजाही और बढ़ने की संभावना है।
पैदल कांवड़ियों के अलावा डाक कांवड़ के जत्थों की तेज आवाजाही भी इस दौरान सड़कों पर बढ़ जाती है। ऐसे में भारी वाहनों और कांवड़ यात्रा का ट्रैफिक एक ही मार्ग पर आने से जाम के साथ सुरक्षा संबंधी परेशानी पैदा हो सकती है।
इसी को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने भारी वाहनों को शहर के व्यस्त मार्गों से हटाकर वैकल्पिक एक्सप्रेसवे पर भेजने की व्यवस्था की है।
9 से 11 अगस्त तक लागू रहेगा नया रूट प्लान
ट्रैफिक पुलिस के मुताबिक, नई व्यवस्था 9 अगस्त से शुरू होकर 11 अगस्त तक प्रभावी रहेगी। इस दौरान भारी वाहन चालकों से यात्रा की योजना पहले से बनाने और निर्धारित एक्सप्रेसवे को प्राथमिकता देने की अपील की गई है।
पुलिस ने वाहन चालकों से अनावश्यक रूप से शहर के अन्य मार्गों पर भारी वाहन ले जाने से बचने को कहा है।
पुलिस ने की सहयोग की अपील
ट्रैफिक पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे यात्रा शुरू करने से पहले अपने रूट की जानकारी लें और रास्ते में तैनात पुलिसकर्मियों के निर्देशों का पालन करें।
प्रशासन का उद्देश्य कांवड़ यात्रा के दौरान बढ़ने वाले ट्रैफिक दबाव को नियंत्रित करना और आम लोगों की आवाजाही को सुचारु बनाए रखना है। साथ ही पुलिस यह सुनिश्चित करने में जुटी है कि कांवड़ियों की यात्रा सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से पूरी हो।
