कोलाथुर सीट पर स्टालिन ने दी TVK उम्मीदवार की जीत को चुनौती

कोलाथुर सीट पर स्टालिन ने दी TVK उम्मीदवार की जीत को चुनौती

चेन्नई: द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (DMK) प्रमुख और तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने कोलाथुर विधानसभा सीट से TVK उम्मीदवार वी.एस. बाबू की जीत को मद्रास हाई कोर्ट में चुनौती दी है। स्टालिन ने चुनाव में कथित अनियमितताओं का हवाला देते हुए निर्वाचन क्षेत्र में वोटों की दोबारा गिनती कराने की मांग की है।

EVM और VVPAT में गड़बड़ी का लगाया आरोप

मद्रास हाई कोर्ट में दाखिल याचिका में एमके स्टालिन ने वोटिंग मशीनों में कथित खराबी और VVPAT मशीनों से जुड़ी अनियमितताओं का मुद्दा उठाया है। उन्होंने अदालत से कोलाथुर सीट पर दोबारा मतगणना कराने का आदेश देने की मांग की है।

स्टालिन ने अपनी याचिका में वी.एस. बाबू के निर्वाचन को अमान्य घोषित करने और उन्हें कोलाथुर सीट से विजेता घोषित करने की भी मांग की है।

स्टालिन का गढ़ रही है कोलाथुर सीट

कोलाथुर विधानसभा सीट को लंबे समय से स्टालिन परिवार का राजनीतिक गढ़ माना जाता रहा है। एमके स्टालिन इस सीट से लगातार तीन बार विधायक चुने गए थे। हालांकि, इस बार TVK की लहर के बीच उन्हें हार का सामना करना पड़ा।

चुनाव परिणाम के मुताबिक वी.एस. बाबू को 82,997 वोट मिले, जबकि एमके स्टालिन को 74,202 वोट हासिल हुए। वहीं, एआईएडीएमके उम्मीदवार को 18,430 वोट मिले।

पहली बार चुनाव में उतरी विजय की पार्टी

अभिनेता थलापति विजय की पार्टी तमिलगा वेत्री कझगम (TVK) ने तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में पहली बार हिस्सा लिया। पार्टी ने 234 विधानसभा सीटों में से 107 सीटों पर जीत दर्ज की। वहीं सत्तारूढ़ DMK को 59 सीटों पर जीत मिली।

चुनाव से पहले कांग्रेस DMK के साथ गठबंधन में थी, लेकिन नतीजों के बाद कांग्रेस ने अपना रुख बदलते हुए विजय की पार्टी को समर्थन दिया। एआईएडीएमके तीसरी सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी।

जीत के बाद बोले वी.एस. बाबू

कोलाथुर से जीत दर्ज करने के बाद वी.एस. बाबू ने कहा, “मैं सिर्फ अपने नेता की वजह से जीता हूं। हमारे नेता का चेहरा ही तमिलनाडु का चेहरा है। लोग बदलाव चाहते थे और उन्होंने बदलाव किया।”

वहीं चुनाव में हार के बाद एमके स्टालिन ने मतदाताओं का आभार जताया। उन्होंने कहा कि DMK गठबंधन को 1.54 करोड़ से अधिक वोट मिले और जीतने वाली पार्टी के साथ वोटों का अंतर 3.52 प्रतिशत रहा।

अब स्टालिन की याचिका पर मद्रास हाई कोर्ट में सुनवाई के बाद ही कोलाथुर सीट के चुनाव परिणाम को लेकर आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।

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