आगरा: उत्तर प्रदेश के आगरा में वन विभाग, पुलिस और वाइल्डलाइफ एसओएस (Wildlife SOS) की संयुक्त टीम ने वन्यजीव तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए तेंदुओं की खाल की तस्करी करने वाले एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है। कार्रवाई के दौरान टीम ने 10 तेंदुओं की खाल बरामद की और मौके से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया।
यह कार्रवाई थाना सैंया क्षेत्र स्थित एक ढाबे पर की गई। अधिकारियों के अनुसार, मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर संयुक्त टीम ने योजनाबद्ध तरीके से छापेमारी की। बताया गया कि आरोपी कार से यात्रा कर रहे थे और खाना खाने के लिए ढाबे पर रुके थे। इसी दौरान टीम ने वाहन की तलाशी ली, जिसमें 10 तेंदुओं की खाल बरामद हुई।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपी हरियाणा और मध्य प्रदेश के रहने वाले हैं। बरामदगी के बाद सभी आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि आरोपी कब से वन्यजीव तस्करी में शामिल थे और इस अवैध नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की क्या भूमिका है।
अधिकारियों का मानना है कि यह मामला केवल चार आरोपियों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक बड़ा संगठित गिरोह सक्रिय हो सकता है, जो विभिन्न राज्यों में वन्यजीवों की अवैध तस्करी करता है। इसी को ध्यान में रखते हुए आरोपियों के मोबाइल फोन, संपर्कों और यात्रा के रूट की भी जांच की जा रही है।
डीएफओ सम्यक कैन ने बताया कि मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर वन विभाग, पुलिस और वाइल्डलाइफ एसओएस की संयुक्त टीम ने कार्रवाई की। उन्होंने कहा कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आरोपियों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही पूरे तस्करी नेटवर्क का पता लगाने के लिए जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
वन विभाग का कहना है कि इस कार्रवाई को वन्यजीव संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है और भविष्य में भी वन्यजीव तस्करी के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।
