पटना: पटना से सटे बाढ़ के बेढ़ना गांव में चार युवकों की मौत के मामले में पुलिस ने मंगलवार को बड़ा दावा किया है। 30 अगस्त को शराब पीने के बाद निशू राज, शशि, विकास और पंकज की मौत के बाद इसे जहरीली शराब का मामला माना जा रहा था। अब पुलिस का कहना है कि शराब अपने आप में जहरीली नहीं थी, बल्कि उसमें जानबूझकर जहरीला पदार्थ मिलाया गया था।
पुलिस के इस दावे के बाद ग्रामीणों में नाराजगी फैल गई। मंगलवार देर रात बड़ी संख्या में ग्रामीण बाढ़ थाना पहुंच गए और हंगामा किया। ग्रामीणों ने पुलिस की जांच पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि मामले की दिशा बदलने की कोशिश की जा रही है।
पुलिस ने क्या किया दावा?
पटना ग्रामीण एसपी कुंदन कुमार के मुताबिक, जांच में सामने आया है कि चारों युवकों को शराब पीने के लिए बुलाया गया था और शराब में बाजार से खरीदा गया जहरीला पदार्थ मिला दिया गया।
पुलिस के अनुसार, मामले के मुख्य आरोपी लाली कुमार ने पूछताछ के दौरान कथित तौर पर इस बात को स्वीकार किया है। पुलिस का दावा है कि चारों युवकों को सुनियोजित तरीके से निशाना बनाया गया।
प्रेम-प्रसंग और पुरानी रंजिश का एंगल
पुलिस के मुताबिक, मृतक निशू कुमार का लाली कुमार की बहन के साथ लंबे समय से प्रेम-प्रसंग था। इसी रिश्ते को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद और रंजिश चल रही थी।
पुलिस का दावा है कि इसी नाराजगी के चलते चारों युवकों को निशाना बनाने की साजिश रची गई और शराब में जहरीला पदार्थ मिला दिया गया।
हालांकि, पुलिस के इस दावे को लेकर ग्रामीणों ने सवाल उठाए हैं और प्रेम-प्रसंग के एंगल पर भी आपत्ति जताई है।
ग्रामीणों ने थाने पहुंचकर किया हंगामा
पुलिस के खुलासे के बाद मंगलवार रात ग्रामीण बाढ़ थाना पहुंच गए। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस मामले की सही तरीके से जांच नहीं कर पाई है और अब कहानी को दूसरी दिशा में ले जाकर मामले की लीपापोती करने की कोशिश की जा रही है।
ग्रामीणों ने प्रेम-प्रसंग का एंगल सामने लाए जाने पर भी नाराजगी जताई। उनका आरोप है कि एक परिवार को बदनाम करने का प्रयास किया जा रहा है। ग्रामीण सड़क जाम करने की तैयारी में भी थे।
पुलिस ने काफी देर तक लोगों को समझाया-बुझाया, जिसके बाद ग्रामीण वापस लौट गए।
शराब पीने के 20-25 मिनट बाद बिगड़ी थी तबीयत
घटना 30 अगस्त की बताई जा रही है। जानकारी के मुताबिक, एक घर में नॉनवेज और शराब की पार्टी हुई थी। शराब पीने के करीब 20 से 25 मिनट बाद चारों युवकों की तबीयत अचानक बिगड़ गई।
बताया गया कि उनके मुंह से झाग निकलने लगा और वे बेहोश हो गए। परिजन और स्थानीय लोग उन्हें इलाज के लिए अस्पताल लेकर गए, लेकिन रास्ते में ही चारों की मौत हो गई।
FSL रिपोर्ट से साफ होगी मौत की असली वजह
फिलहाल इस मामले में पुलिस के दावे और ग्रामीणों के आरोप आमने-सामने हैं। ऐसे में FSL रिपोर्ट को बेहद अहम माना जा रहा है।
रिपोर्ट आने के बाद यह स्पष्ट होने की उम्मीद है कि जहरीला पदार्थ शराब में मिलाया गया था या किसी अन्य चीज में मौजूद था। साथ ही, चारों युवकों की मौत की वास्तविक वजह भी जांच रिपोर्ट से और स्पष्ट हो सकेगी।
पुलिस फिलहाल मामले की जांच में जुटी है और कथित आरोपी से पूछताछ समेत अन्य साक्ष्यों को जुटाया जा रहा है। मामले में आगे की कार्रवाई FSL रिपोर्ट और जांच के निष्कर्षों के आधार पर होगी।
