नई दिल्ली: रनिंग को सेहतमंद रहने और फिटनेस बेहतर करने के लिए सबसे आसान एक्सरसाइज में से एक माना जाता है। लेकिन अगर इसे बिना सही तैयारी और शरीर की क्षमता को समझे किया जाए, तो यह गंभीर स्वास्थ्य समस्या का कारण भी बन सकती है। हाल ही में देहरादून की इंडियन मिलिट्री एकेडमी (IMA) में एक कैडेट की दौड़ लगाते समय तबीयत बिगड़ने के बाद मौत हो गई, जिसके बाद रनिंग के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
रनिंग के दौरान बेहोश हुए थे कैडेट
रिपोर्ट के मुताबिक, हरियाणा के झज्जर जिले के रहने वाले कैडेट निशांत धनखड़ 9 अगस्त को रनिंग के दौरान अचानक बेहोश हो गए थे। इसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां हालत गंभीर होने के कारण उन्हें दिल्ली रेफर किया गया।
इलाज के दौरान 15 अगस्त को उनकी मौत हो गई। हालांकि, उनकी मौत की वास्तविक वजह क्या थी, इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी स्पष्ट नहीं है। इसलिए इसे सीधे तौर पर गलत तरीके से रनिंग करने का परिणाम मानना उचित नहीं होगा।
इस घटना के बाद यह समझना जरूरी है कि रनिंग करते समय शरीर की क्षमता, मौसम और स्वास्थ्य स्थिति का ध्यान रखना बेहद जरूरी है।
रनिंग से पहले जरूर करें वॉर्मअप
कई लोग सुबह उठते ही बिना किसी तैयारी के दौड़ना शुरू कर देते हैं। यह सही तरीका नहीं माना जाता। रनिंग से पहले शरीर को धीरे-धीरे एक्सरसाइज के लिए तैयार करना जरूरी है।
इसके लिए हल्की स्ट्रेचिंग और वॉर्मअप किया जा सकता है। इससे मांसपेशियों और जोड़ों को दौड़ने के लिए तैयार होने में मदद मिलती है।
खाली पेट या बहुत ज्यादा खाना खाकर न दौड़ें
रनिंग से पहले बहुत भारी खाना खाने से असहजता हो सकती है। वहीं, लंबे या तेज रन से पहले पूरी तरह खाली पेट रहना भी हर व्यक्ति के लिए सही नहीं होता। अपनी जरूरत और शरीर की प्रतिक्रिया के अनुसार खान-पान का ध्यान रखना चाहिए।
शरीर में पानी की कमी न होने दें
रनिंग के दौरान शरीर से पसीने के जरिए पानी निकलता है। इसलिए हाइड्रेटेड रहना जरूरी है। खासकर गर्मी और उमस वाले मौसम में पानी की कमी से परेशानी बढ़ सकती है।
बहुत ज्यादा गर्मी या तेज धूप में लंबे समय तक दौड़ने से बचना चाहिए, क्योंकि शरीर का तापमान बढ़ने और गर्मी से जुड़ी गंभीर समस्याओं का खतरा हो सकता है।
इन लक्षणों को बिल्कुल नजरअंदाज न करें
रनिंग के दौरान अगर आपको इनमें से कोई लक्षण महसूस हो तो तुरंत रुक जाएं:
- चक्कर आना या सिर घूमना
- सांस लेने में असामान्य परेशानी
- सीने में दर्द या दबाव
- अचानक बहुत ज्यादा कमजोरी या थकान
- बेहोशी जैसा महसूस होना
- असामान्य धड़कन या बेचैनी
ऐसे लक्षणों को नजरअंदाज करके दौड़ते रहना गंभीर समस्या पैदा कर सकता है। जरूरत पड़ने पर तुरंत मेडिकल सहायता लेनी चाहिए।
दौड़ खत्म करने के बाद अचानक न रुकें
तेज रनिंग के बाद अचानक पूरी तरह रुकने के बजाय कुछ देर धीरे-धीरे चलकर कूल-डाउन करना बेहतर होता है। इससे शरीर को धीरे-धीरे सामान्य अवस्था में आने का समय मिलता है।
दिल या पुरानी बीमारी वाले लोग रखें खास सावधानी
जिन लोगों को दिल की बीमारी, सांस से जुड़ी समस्या या कोई अन्य गंभीर अथवा पुरानी बीमारी है, उन्हें रनिंग या हाई-इंटेंसिटी एक्सरसाइज शुरू करने से पहले डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।
वहीं, ट्रेनिंग संस्थानों और फिटनेस कार्यक्रमों में नियमित मेडिकल जांच भी महत्वपूर्ण है, ताकि किसी संभावित स्वास्थ्य समस्या का समय रहते पता लगाया जा सके।
रनिंग फायदेमंद है, लेकिन सावधानी जरूरी
रनिंग से फिटनेस, हृदय स्वास्थ्य और शारीरिक क्षमता को बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है। लेकिन हर व्यक्ति की शारीरिक क्षमता अलग होती है। इसलिए धीरे शुरुआत करना, वॉर्मअप करना, पर्याप्त पानी पीना, मौसम का ध्यान रखना और शरीर के चेतावनी संकेतों को समझनाबेहद जरूरी है।
